बदायूं। शासन ने निजी वाहनों पर जाति विशेष न लिखने की हिदायत दी है। फिर भी पहले दिन इसका कोई असर दिखाई नहीं दिया। दिन भर ऐसे वाहन देखने को मिले जिन पर जाति, पदनाम आदि लिखे थे। वाहन बेरोकटोक फर्राटा फरते नजर आए। दिन भर पुलिस ने भी इन वाहनों पर कार्रवाई नहीं की है। तमाम लोग वाहनों के नंबर प्लेट पर पदनाम, जाति या संगठन आदि लिखे हैं। ऐसे वाहनों कार्रवाई नहीं की जा रही है।
मोटर व्हीकल एक्ट के मुताबिक नंबर प्लेट पर सिर्फ नंबर होना चाहिए। इसके अलावा कुछ भी लिखा मिलता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस एक्ट के मुताबिक डिजाइनर नंबर प्लेट लिखी गाड़ियों पर जुर्माने का प्रावधान भी है, लेकिन कानून सिर्फ कागज तक ही सीमित है। नियमानुसार कार की नंबर प्लेट पर उत्तर प्रदेश सरकार व केंद्र सरकार लिखना भी अवैध है। यहां तो वाहनों और नवंबर प्लेट पर प्रधान, विधायक, सांसद या समाज व संगठन अध्यक्ष समेत सब लिखा है
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कोट,
सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ऐसे वाहन जिन पर जाति के नाम पर संबोधन लिखा हो, उनको पकड़कर चालान किया जाए। साथ ही उनको जातिगत नाम से परहेज करने की हिदायत दी जाए। सभी थाना प्रभारी चेकिंग कर रोजाना ऐसे वाहनों पर कार्रवाई करेंगे। – डॉ. बृजेश कुमार सिंह, एसएसपी
इंडियन टीवी न्यूज
जिला रिपोर्टर बदायूं
दीपेन्द्र राजपूत