नन्दगोपाल पाण्डेय ब्यूरोचीफ सोनभद्र
सोनभद्र। सनातन संस्कृति के प्रचार-प्रसार के लिए प्रतिबद्ध ऋषि सनातन संघ ने हाल ही में भारत के विभिन्न राज्यों से आए समर्पित व्यक्तियों को महत्वपूर्ण पदों पर नियुक्त किया है।
गौरतलब है कि इन नियुक्तियों का मुख्य उद्देश्य संगठन के कार्यों को और भी अधिक गति देना और सनातन धर्म के मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाना है। संगठन के संस्थापक और अध्यक्ष, श्री श्री 1008 पूज्य रतन वशिष्ठ महाराज ने नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि उन्हें विश्वास है कि ये सभी ईमानदारी और निष्ठा से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करेंगे और सनातन धर्म के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। महराज ने कहा कि आज संघ अभी शुरूआती दौर में है तो अभी कुछ लोगों को हमें कहना पड़ता है लेकिन भविष्य में बहुत ही जल्द लोग संघ में जुड़ने के लिए। लोगों से पूछेंगे यह निश्चित है.अभी इन पदाधिकारियों की हुई नियुक्ति: श्री श्री 1008 महामंडलेश्वर साध्वी सरिता गिरी अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता (धर्म विभाग) जो अभी हाल ही में दुबई में देवी भागवत कथा सुनाएंगी।
प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य सैकड़ों अवार्डों से सम्मानित डॉ. एस. रावत (दिल्ली) अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता (ज्योतिष विभाग), अजय कुमार दुबे (वाराणसी, उत्तर प्रदेश): मीडिया प्रभारी, विनोद देवासी (जोधपुर, राजस्थान): संघ प्रचारक (जोधपुर और मुंबई), अमित कुमार चौबे (अनिल चौबे) (वाराणसी): वाराणसी मंडल संयोजक, पीयूष सिंह (जौनपुर, उत्तर प्रदेश) विधिक सलाहकार और संघ प्रचारक (जौनपुर), राखी चौबे (जौनपुर) महिला मंडल संघ प्रचारक (जौनपुर)
अश्विनी दुबे और पुणेश्वर मिश्रा (वाराणसी) संघ प्रचारक (वाराणसी), सर्वेश मिश्रा (लखनऊ), संघ प्रचारक (लखनऊ) ये सभी पदाधिकारी अब अपने-अपने क्षेत्रों में सनातन संस्कृति के सिद्धांतों और नैतिक मूल्यों को बढ़ावा देने का कार्य करेंगे।
राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संघ का विस्तार ऋषि सनातन संघ का विस्तार तेज़ी से हो रहा है। हाल ही में नेपाल के लिए भी राष्ट्रीय अध्यक्ष की नियुक्ति की गई थी, जो संगठन की अंतर्राष्ट्रीय पहुँच को दर्शाता है। कई वरिष्ठ महामंडलेश्वर, जगद्गुरु और वरिष्ठ नेता भी संरक्षक के रूप में संघ से जुड़ने की इच्छा जता रहे हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि यह संगठन गाँव से लेकर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर तक एक व्यवस्थित और सुदृढ़ कार्य योजना के साथ आगे बढ़ रहा है। संगठन के प्रमुख पूज्य रतन वशिष्ठ जी महाराज की अगली कथा 23 अक्टूबर से 29 अक्टूबर तक उनके शक्ति पीठ धाम में होने वाली है। इस दौरान उन्होंने सभी पदाधिकारियों से पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ काम करने और संगठन को मज़बूत बनाने का आह्वान किया है। उन्होंने यह भी कहा कि सभी पदाधिकारी मिलकर लोगों को संघ से जोड़ें और सनातन धर्म के संदेश को पूरे विश्व में फैलाए।