आजकल फल, सब्जियों, पनीर, दूध और मिठाइयों में मिलावट आम बात हो गई है। हर कोई जानता है कि ये मिलावटजनक वस्तुएं लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरनाक हैं, फिर भी जिम्मेदार अधिकारी लापरवाह बने हुए हैं। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों का काम होता है मिलावट की जांच करना और दोषियों पर कार्रवाई करना, लेकिन जनपद ललितपुर में अधिकारी सिर्फ औपचारिकता निभाते हैं। वे नमूने लेते हैं, जांच में सब कुछ सही बताकर फाइल बंद कर देते हैं, जबकि वही मिलावटी खाद्य पदार्थ जनता की जान के लिए खतरा बन रहे हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बार-बार निर्देश देते हैं कि मिलावटखोरी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी, परंतु ज़मीनी स्तर पर इन आदेशों की अनदेखी की जा रही है। ज़रूरत है कि प्रशासन सख्ती दिखाए, दोषी अधिकारियों और मिलावटखोरों पर कड़ी कार्रवाई करे ताकि जनता को शुद्ध खाद्य सामग्री मिल सके।
– जिला संवाददाता: प्रवीन जैन