उरई(जालौन):
उरई कोतवाली क्षेत्र में हुई सनसनी खेज डकैती की घटना का पुलिस ने सफल अनावरण करते हुए 6 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से नगदी, सोने-चांदी के आभूषण समेत अवैध असलहे और घटना में प्रयुक्त उपकरण भी बरामद किए गए हैं। पकड़े गए आरोपियों को पुलिस ने कोर्ट में पेश कर जेल भेजा है। विदित हो कि उरई कोतवाली क्षेत्र के मुहल्ला सुशील नगर में 19 फरवरी की रात करीब आठ लोगों ने असलहों के बल पर एक घर में घुसकर डकैती की वारदात को अंजाम दिया था। दुस्साहस वारदात से जनपद में हड़कंप मच गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने टीमों का गठन कर खुलासे के निर्देश दिए थे। मामले के खुलासे में लगी कोतवाली उरई पुलिस और स्वाट टीम ने कोतवाली क्षेत्र के इकलासपुरा चौराहे से 6 आरोपियों खलक सिंह, कल्लू राजपूत, सुरेंद्र राजपूत, वीरसिंह, अमित राजपूत निवासीगण जनपद हमीरपुर व दुर्गा देवी निवासी हड्डी मील के पास उरई को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 66 हजार रुपये नकद, सोने-चांदी के आभूषण, एक राउटर और डीवीआर, दो सब्बल, चार तमंचे और 7 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक वादिया की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर तीन टीमों का गठन किया गया था। इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और मुखबिर की सूचना के आधार पर इकलासपुरा चौराहे के पास से सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। मामले का खुलासा करते हुए एसपी डॉ. दुर्गेश कुमार ने बताया कि उरई में हुई डकैती की वारदात के पीछे पुरानी रंजिश का मामला सामने आया है। मुख्य आरोपी खलक सिंह उर्फ खेमा ने पूछताछ में बताया कि वह पहले पीड़ित के पड़ोस में किराए पर रहता था। आपसी विवाद और रंजिश के चलते उसने अपने साथियों के साथ मिलकर घर की रैकी की और 18-19 फरवरी की रात वारदात को अंजाम दिया।आरोपियों ने लूट की रकम आपस में बांट ली थी और कुछ आभूषण बेचकर 66 हजार रुपये हासिल किए थे। पुलिस के मुताबिक गिरोह आगे भी वारदात की फिराक में था, लेकिन उससे पहले ही टीम ने उन्हें दबोच लिया। सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। मुख्य आरोपी के खिलाफ पूर्व में हत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस व गैंगस्टर एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं।एसपी ने टीम को 25 हजार रुपए पुरुस्कार देने की भी घोषणा की।
(अनिल कुमार ओझा ब्यूरो प्रमुख उरई-जालौन) उत्तर प्रदेश