इंडियन टीवी न्यूज़ सुशील चौहान
किसानों के हितों की सुरक्षा और कृषि आदानों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत कलेक्टर मृणाल मीना के निर्देश पर कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए परसवाड़ा तहसील के ग्राम कोसमी स्थित बजरंग कृषि केंद्र में 510 क्विंटल 79 किलोग्राम धान बीज का अवैध भंडारण पकड़ा है।मामले में किसानों के साथ धोखाधड़ी की आशंका को देखते हुए कृषि केंद्र को सील कर दिया गया है तथा संचालक के विरुद्ध विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कराई गई है।
जानकारी के अनुसार 23 मई 2026 को सहायक संचालक कृषि श्री राजेश खोबरागड़े अनुविभागीय अधिकारी कृषि परसवाड़ा एस.आर. धुर्वे बीज उर्वरक एवं कीटनाशक निरीक्षक तथा कृषि विकास अधिकारी प्रीति पंद्राम द्वारा ग्राम कोसमी स्थित बजरंग कृषि केंद्र का आकस्मिक निरीक्षण किया गया।निरीक्षण के दौरान केंद्र में उपलब्ध धान बीज के स्टॉक एवं संबंधित अभिलेखों की गहन जांच की गई।
जांच में पाया गया कि केंद्र के प्रोपराइटर सूरजलाल हिरवाने द्वारा निर्धारित नियमों का उल्लंघन करते हुए बड़ी मात्रा में धान बीज का भंडारण किया गया था।अधिकारियों को केंद्र में श्री सीड्स सोमाजीगुड़ा (हैदराबाद) कंपनी का 462 क्विंटल 70 किलोग्राम तथा सीड वर्क इंटरनेशनल लिमिटेड गोड़ावेली, मलकाजगिरी (तेलंगाना) कंपनी का 48 क्विंटल 09 किलोग्राम धान बीज अवैध रूप से भंडारित मिला।इस प्रकार कुल 510 क्विंटल 79 किलोग्राम धान बीज का नियम विरुद्ध भंडारण पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई करते हुए कृषि केंद्र को सील कर दिया गया।
कृषि विभाग की जांच में यह भी सामने आया कि अवैधानिक तरीके से बीज का भंडारण कर किसानों को भ्रमित करने एवं उनके साथ धोखाधड़ी किए जाने की आशंका है। मामले को गंभीरता से लेते हुए बीज निरीक्षक एवं कृषि विकास अधिकारी प्रीति पंद्राम ने 4 जून 2026 को परसवाड़ा थाना पहुंचकर बजरंग कृषि केन्द्र के संचालक सूरजलाल हिरवाने के विरुद्ध शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर परसवाड़ा पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 314(4) बीज अधिनियम तथा अत्यावश्यक वस्तु अधिनियम के प्रावधानों के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है।पुलिस एवं कृषि विभाग द्वारा मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।
कृषि विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति या संस्था को बख्शा नहीं जाएगा।जिले में बीज उर्वरक एवं कीटनाशकों के विक्रय एवं भंडारण पर लगातार निगरानी रखी जा रही है तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस कार्रवाई को कृषि क्षेत्र में पारदर्शिता बनाए रखने तथा किसानों को गुणवत्तायुक्त कृषि आदान उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।