स्थान : गजरौला (अमरोहा)
गजरौला।
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने अनुपयोगी प्लास्टिक को आकर्षक और उपयोगी वस्तुओं में बदलकर पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संदेश दिया। कार्यक्रम में करीब 100 छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया और अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।हाईवे स्थित वोकेशनल ट्रेनिंग सेंटर में आयोजित इस कार्यक्रम में आनंद डिग्री कॉलेज, रमाबाई आंबेडकर राजकीय महाविद्यालय तथा नाईपुरा, शहबाजपुर डोर, सलेमपुर गोसाईं और सुल्तानठेर के प्राथमिक विद्यालयों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। बच्चों ने बेकार हो चुकी प्लास्टिक की बोतलों, प्लेटों और अन्य सामग्री पर आकर्षक चित्रकारी कर उन्हें पुनः उपयोग योग्य बनाया। किसी ने फूलदान तैयार किया तो किसी ने कलमदान और डलिया बनाकर अपनी कल्पनाशीलता का परिचय दिया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जुबिलेंट इनग्रेविया लिमिटेड के निदेशक (जनसंपर्क) सुनील दीक्षित ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को मेडल एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि बच्चों की यह पहल न केवल रचनात्मकता को बढ़ावा देती है, बल्कि वेस्ट प्लास्टिक के पुनः उपयोग के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी संदेश भी देती है। उन्होंने कहा कि यदि समाज प्लास्टिक कचरे को उपयोगी वस्तुओं में बदलने की दिशा में आगे बढ़े तो प्रदूषण की समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
कार्यक्रम में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन की सीएसआर टीम के कार्यक्रम अधिकारी विशाल गौरव, चंदन प्रधान, गीता सिंह, एनआईआईटी फाउंडेशन की पूजा सागर, रजत वर्मा, बूंदी सिंह, नवनीत ग्रेवाल तथा नूर मसीह सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। गजरौला से डॉक्टर जगदेव सिंह प्रजापति की रिपोर्ट