कालाहांडी
जिले में तापमान अब चरम पर पहुंच गया है। गरम हवा संग उमस में लोगों के लिए चहल-पहल का केंद्र बन गया है। पिछले कुछ दिनों से शहर में तापमान 45 डिग्री से ऊपर बना हुआ है। ऐसा लग रहा है जैसे धरती को किसी भट्टी में पकाया जा रहा हो। ध्यान रहे, जिला प्रशासन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। कुछ लोग चिलचिलाती गर्मी से बचने के लिए सिर पर टोपी और स्कार्फ पहने हुए हैं, तो कुछ लोग काले चश्मे का इस्तेमाल कर रहे हैं। लस्सी और शर्बत का लुत्फ उठाया जा रहा है।
आम के जूस की दुकानों पर भारी भीड़ है। ठंडे पेय पदार्थों की मांग बढ़ रही है, वहीं लोग लस्सी या शरबत पीकर गर्मी से राहत पा रहे हैं। तापमान में वृद्धि और बिजली कटौती ने सांगकू में जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। अधिकांश जिले सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक बंद रहते हैं।
दुकानें और बाजार सुबह नो बजे के बाद मार्केट में ग्राहक नही दिखा रही हैं, सड़कें सुनसान हैं। जिला मुख्यालय भवानीपटना के साथ-साथ जूनागढ़, धर्मगढ़, केसिंगा और अन्य शहरों में दिन के समय तापमान 45 डिग्री तक पहुंच रहा है। जिले के सभी अस्पतालों में तापमान पर नजर रखें।
स्वास्थ्य विभाग ने खसरा से निपटने के लिए व्यवस्थाएं कर रखी हैं। हाल ही में जिले के विभिन्न हिस्सों में जंगल और जमीन में लगी आग से चिंता बढ़ गई है। इसके अलावा, जिले के कई हिस्सों में अवैध ईंट भट्टों के कारण,जंगल काटने के ,अवैध पक्के घर निर्माण के कारण वातावरण गर्म होता जा रहा है, अचानक कल शाम को आसमान का रंग भी लाल पड़ गया था।
जिले की कई नहरों और तालाबों में पानी सूखने से पालतू पशुओं, पक्षियों और जंगली जानवरों को पीने के पानी की कमी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं दूसरी ओर, स्वास्थ्य विभाग खसरा से निपटने के लिए जागरूकता अभियान चला रहा है। जिले के मुख्य अस्पताल समेत सभी सामूहिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में संक्रामक रोग कक्ष खोले गए हैं। फिलहाल जिले में खसरा का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन स्वास्थ्य विभाग इस पर नजर रख रहा है।
ब्यूरो चीफ़ कालाहांडी से रिपोर्ट
सुरज कुमार अग्रवाल