किशोर कुमार छत्तीसगढ़ स्टेट रिपोर्टर इंडियन टीवी न्यूज नेशनल
नई दिल्ली। भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने वर्ष 2026 का पहला अखिल भारतीय मीडिया सम्मेलन आयोजित किया, जिसका विषय था “हितधारकों को जोड़ना, लोकतंत्र को मजबूत करना: चुनावों में मीडिया की भूमिका”। सम्मेलन में देशभर के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से 380 से अधिक पत्रकारों ने भाग लिया। छत्तीसगढ़ से भी कई वरिष्ठ पत्रकार, रेजिडेंट एडिटर और ब्यूरो प्रमुख सम्मेलन में शामिल हुए।
सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि भारत में चुनाव संविधान, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम तथा निर्वाचन आयोग द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप पूरी पारदर्शिता के साथ कराए जाते हैं। उन्होंने बताया कि चुनावी प्रक्रिया का विभिन्न हितधारकों द्वारा लगातार अंकेक्षण (ऑडिट) किया जाता है, जिससे उसकी विश्वसनीयता और निष्पक्षता सुनिश्चित होती है।
उन्होंने कहा कि लगभग 95 करोड़ मतदाताओं वाली भारत की मतदाता सूची एक जीवंत दस्तावेज है, जिसे समय-समय पर अद्यतन किया जाता है। इस प्रक्रिया में 12 लाख से अधिक बूथ लेवल अधिकारी (BLO) और 15 लाख से अधिक बूथ लेवल एजेंट (BLA) महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और चुनावी प्रक्रिया के समवर्ती ऑडिट में सहयोग करते हैं।
मुख्य चुनाव आयुक्त ने हाल के विधानसभा चुनावों में रिकॉर्ड मतदान प्रतिशत को भारतीय मतदाताओं के लोकतंत्र और चुनावी व्यवस्था पर विश्वास का प्रतीक बताया। साथ ही विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी के लिए सभी मतदाताओं का आभार व्यक्त किया।
सम्मेलन का उद्देश्य मीडिया प्रतिनिधियों को चुनावी प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी देना और यह समझाना था कि भारत में राजनीतिक दलों, उम्मीदवारों और अन्य हितधारकों की भागीदारी के साथ पारदर्शी एवं निष्पक्ष चुनाव कैसे संपन्न कराए जाते हैं।
कार्यक्रम के दौरान संविधान, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 एवं 1951, निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देश, ECINET प्लेटफॉर्म, चुनावों में तकनीक की भूमिका तथा चुनाव संबंधी संवैधानिक एवं कानूनी प्रावधानों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
पत्रकारों को बूथ लेवल एजेंट (BLA), मतदान एजेंट और मतगणना एजेंट की भूमिका एवं जिम्मेदारियों से भी अवगत कराया गया। साथ ही समूहों में मतदाता सूची तैयार करने, मतदान प्रक्रिया और मतगणना की पूरी प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया, जिससे प्रतिभागियों को चुनावी व्यवस्थाओं की गहन समझ प्राप्त हुई।
सम्मेलन के अंत में प्रतिभागियों के साथ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का प्रश्नोत्तर (Q&A) सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें पत्रकारों ने चुनावी प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने सवाल रखे। छत्तीसगढ़ सहित देशभर के मीडिया प्रतिनिधियों ने इस पहल को चुनावी जागरूकता और पारदर्शिता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।