बारीपदा, 6 अक्टूबर 2026:बारीपदा स्थित सरकारी सेवानिवृत्त कर्मचारी भवन में मंगलवार को आदिवासी कांग्रेस की एक विशाल कार्यकारिणी बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मयूरभंज जिला आदिवासी कांग्रेस अध्यक्ष दुःखिश्याम मुर्मू ने की। बैठक में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए कांग्रेस कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों ने भाग लिया।बैठक में मयूरभंज के पूर्व लोकसभा प्रत्याशी श्याम सुंदर हांसदा, जिला कांग्रेस अध्यक्ष पूर्णचंद्र बिश्वाल, राज्य आदिवासी कांग्रेस के उपाध्यक्ष चैतन्य हांसदा तथा संयोगवश उपस्थित प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के महासचिव मनोज राउत प्रमुख रूप से शामिल हुए।बैठक को संबोधित करते हुए नेताओं ने आदिवासी समाज के अधिकारों, समस्याओं और वर्तमान परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होकर लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करना होगा। नेताओं ने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव और पंचायत स्तर तक संगठन को मजबूत करने तथा आम लोगों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाने का आह्वान किया।वक्ताओं ने आरोप लगाया कि देश की आजादी के 80 वर्ष बाद भी आदिवासी समाज के लोगों को विभिन्न स्तरों पर उपेक्षा, अत्याचार और अपमान का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने भाजपा सरकार पर आदिवासियों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि आदिवासी समुदाय के संवैधानिक अधिकारों, जल-जंगल-जमीन तथा सम्मान की रक्षा के लिए कांग्रेस लगातार आवाज उठाती रहेगी।बैठक में उपस्थित कांग्रेस नेताओं ने कार्यकर्ताओं से संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने, आदिवासी समाज के बीच जागरूकता फैलाने तथा आम जनता की समस्याओं को प्रशासन एवं सरकार के समक्ष मजबूती से रखने की अपील की।वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी कांग्रेस का उद्देश्य केवल राजनीतिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर उनकी समस्याओं को समझना और उनके समाधान के लिए संघर्ष करना भी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आपसी मतभेद भुलाकर एकजुटता के साथ काम करने का आह्वान किया।बैठक के अंत में उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया गया। आदिवासी कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि वे जमीनी स्तर पर आम जनता के साथ रहेंगे और उनकी समस्याओं तथा अधिकारों के लिए निरंतर आवाज उठाएंगे।
मयूरभंज से हिमांशु शेखर प्रह्राज।