मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ये चार ऐसे व्यक्तित्व है जो बिना किसी भेदभाव, बिना किसी जाति, वर्ग विशेष से ऊपर उठकर राष्ट्र के निर्माण में निरन्तर कार्य कर रहे है और इसी का नतीजा है कि आज सभी वर्गाे के छात्र स्वास्थ्य विभाग के साथ अन्य क्षेत्रों में भी अपनी सेवाएं दे रहे है।
मा. मंत्री ने कहा कि हम सबको इनसे प्रेरणा लेकर राष्ट्रहित में एकजुटता के साथ कार्य करना चाहिए। उन्होनें स्वास्थ्य विभाग से सम्बन्धित सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि चिकित्सक का कर्तव्य है कि अच्छी से अच्छी स्वास्थ्य सेवाएं लोगों तक पहुंचाये एवं किसी भी हालत में गरीब तबके के लोगों को चिकित्सा के क्षेत्र में कोई असुविधा न हो। हमारा नैतिक कर्तव्य है कि कोई भी व्यक्ति स्वास्थ्य के अभाव में अपना अमूल्य जीवन न खोये। उन्होनें आहवान किया कि सशक्त भारत के निर्माण के लिए महान संतो के चरित्र से शिक्षा लेते हुए सकल्प लेने के साथ ही इसे अर्न्तमन से महसूस करने की भी आवश्यकता है।
मा. अर्पणा यादव, उपाध्यक्ष, उ.प्र. राज्य महिला आयोग ने कहा कि विगत पांच वर्षाे से जिस तरह से चिकित्सकों के द्वारा बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ आमजन तक कैम्प लगाकर पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है मैं उन सभी चिकित्सकों का हदृय से अभार व्यक्त करती हूॅ। उन्होनें कहा कि गुरू की कृपा जीवन को एक नये आयाम की तरफ ले जाती है। जीवन में यदि गुरू नही ंतो जीवन कुछ नहीं और हम सभी के उत्तर प्रदेश के मा. यशस्वी मुख्यमंत्री जी भी गुरू की शरण में रहकर उत्तर प्रदेश के सभी युवाओं को गुरू का सम्मान करने के लिए प्रेरित करते है और आज यह हमारे कुम्भ के मेले में देखा जा सकता है।