वाराणसी के 6 पत्रकारों पर अफवाह फैलाने के आरोप में FIR, अजय राय ने कहा- सरकार को आईना दिखाने वाले पसंद नहीं
Indian tv news /ब्यूरो चीफ. करन भास्कर चन्दौली उत्तर प्रदेश
चन्दौली वाराणसी पुलिस ने इंटरनेट मीडिया के जरिये अशांति फैलाने और गलत सूचना प्रसारित करने के आरोप में वाराणसी के छह पत्रकारों के खिलाफ एफआइआर दर्ज की है।
लंका थाने में दर्ज शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पत्रकारों ने काशी हिंदू विश्वद्यालय के सिंहद्वार पर स्थित महामना पंडित मदन मोहन मालवीय की प्रतिमा पर चढ़कर सफाई करने वाले युवक का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित किया और इसका इस्तेमाल सांप्रदायिक भावना भड़काने के लिए किया।कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने पत्रकारों के खिलाफ कार्रवाई को प्रेस की स्वतंत्रता पर हमला बताते हुए इसकी निंदा की है। अजय राय ने कहा कि भाजपा सरकार में दोषी पर कार्रवाई नहीं होगी, लेकिन सवाल पूछने वाले जरूर दोषी ठहराए जाएंगे।पत्रकार जनता को जागरूक करने और समाज में परिवर्तन लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस सरकार के चेहरे पर इतनी कालिख है कि उसे आईना पसंद नहीं है। सच लिखने वालों को सरकार दुश्मन मानती है।
वहीं, लंका थाने के प्रभारी (एसएचओ) शिवकांत मिश्रा ने बताया कि 25 जून की रात लोक निर्माण विभाग के दो कर्मचारी महामना की मूर्ति की सफाई कर रहे थे। कुछ पत्रकारों ने इसका वीडियो बनाकर आनलाइन साझा किया।वहीं, लंका थाने के प्रभारी (एसएचओ) शिवकांत मिश्रा ने बताया कि 25 जून की रात लोक निर्माण विभाग के दो कर्मचारी महामना की मूर्ति की सफाई कर रहे थे। कुछ पत्रकारों ने इसका वीडियो बनाकर आनलाइन साझा किया।
उन्होंने जाति-आधारित टिप्पणी कर नफरत फैलाने और कानून-व्यवस्था को बाधित करने का प्रयास किया। संकट मोचन पुलिस चौकी प्रभारी की शिकायत पर एफआइआर दर्ज की गई।